ITR-U filing: 31 मार्च है आखिरी मौका! क्या होता है अपडेटेड रिटर्न? कौन इसे फाइल कर सकता है?


टैक्सपेयर्स संबंधित असेसमेंट ईयर के खत्म होने के 48 महीनों के अंदर ITR-U फाइल कर सकते हैं. इसका मतलब है कि असेसमेंट ईयर 2021-22 के लिए अपडेटेड रिटर्न सिर्फ 31 मार्च, 2026 तक ही फाइल किया जा सकता है. इस तारीख के बाद उस साल का रिटर्न अपडेट करने का विकल्प उपलब्ध नहीं रहेगा. बाद के सालों के लिए, यह विंडो ज्यादा समय तक खुली रहती है. उदाहरण के लिए, AY 2025-26 के लिए अपडेटेड रिटर्न 31 मार्च, 2030 तक फाइल किया जा सकता है. हालांकि, हर साल 31 मार्च एक अहम तारीख बनी रहती है, क्योंकि रिटर्न फाइल करने में जितनी ज्यादा देर होती है, चुकाए जाने वाले अतिरिक्त टैक्स की रकम उतनी ही बढ़ जाती है.

अतिरिक्त टैक्स स्लैब (Additional Tax Slab)

  • 12 महीने के अंदर- कुल टैक्स और अतिरिक्त 25 परसेंट ब्याज का भुगतान
  • 12 से 24 महीने के बीच- कुल टैक्स और ब्याज का 50 परसेंट अतिरिक्त भुगतान
  • 24 से 36 महीने के बीच- कुल टैक्स और ब्याज का 60 परसेंट भुगतान
  • 36 से 48 महीने के बीच- कुल टैक्स और ब्याज का 70 परसेंट भुगतान
  • अगर आपने मूल रिटर्न ही फाइल नहीं किया है, तो धारा 234F के तहत 5000 (आय 5 लाख से अधिक होने पर) या 1000 (आय 5 लाख तक होने पर) रुपये की लेट फीस देनी होगी.  

ITR-U फाइल करने के फायदे

ITR-U फाइल करने के कई फायदे हैं. इसके जरिए आप अपनी छूटी हुई आय (बैंक ब्याज, डिविडेंड) या गलत टैक्स रेट जैसी गलतियों को सुधार सकते हैं. आयकर विभाग से नोटिस मिले इससे पहले ही आप अपनी गलतियां सुधारकर सेफ जोन में बने रहते हैं. हालांकि, यहां यह ध्यान रखना जरूरी है कि ITR-U का इस्तेमाल टैक्स रिफंड क्लेम करने या रिफंड अमाउंट बढ़ाने के लिए नहीं किया जा सकता. 

ये भी पढ़ें:

31st March Deadline: 2-3 दिन में निपटा लें ये काम, 31 मार्च तक का है समय; देखें लिस्ट



Source link

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *