Indian Stock Market Rally: भारतीय शेयर बाजार में बुधवार, 1 अप्रैल के कारोबारी दिन जोरदार तेजी देखने को मिल रही है. कुछ समय की उतार-चढ़ाव वाली स्थिति के बाद स्टॉक मार्केट में रिकवरी जारी है.
वैश्विक स्तर पर हालात में सुधार और आकर्षक वैल्यूएशन के कारण निवेशकों का भरोसा फिर से बाजार की ओर बढ़ा है. हालांकि इस तेजी के बीच अब सबसे बड़ा सवाल यह है कि क्या यह रफ्तार लंबे समय तक बनी रह पाएगी? आइए जानते हैं, इस विषय में…
ग्लोबल संकेतों से बाजार में सुधार
1 अप्रैल को भारतीय शेयर बाजार ने दो दिन की गिरावट के बाद जोरदार वापसी की है. अमेरिकी राष्ट्रपति ट्रंप ने संकेत दिए हैं कि ईरान के खिलाफ सैन्य कार्रवाई दो से तीन हफ्तों में खत्म हो सकती है. जिससे लंबे समय तक संकट बने रहने की आशंका कम हुई है.
साथ ही मिडिल ईस्ट में पैदा हुई अनिश्चितता पर लगाम लगने की उम्मीद भी की जा रही है. इस खबर का असर ग्लोबल बाजारों पर भी देखने को मिला है. एशियाई बाजार में भी बढ़त दिख रही है. साथ ही ब्रेंट क्रूड की कीमत घटकर करीब 105 डॉलर प्रति बैरल पर पहुंच गई है.
निवेशकों को सतर्क रहने की सलाह
बाजार में सुधार के साथ उतार-चढ़ाव का स्तर भी कम हुआ है. बाजार अस्थिरता को मापने वाले इंडिया VIX करीब 10 प्रतिशत गिरकर 25 के आसपास आ गया है. आमतौर पर कम वोलैटिलिटी को निवेशकों के बढ़ते भरोसे और बाजार में स्थिरता के संकेत के रूप में देखा जाता है. हालांकि इतनी तेजी के बावजूद जानकार अभी भी सतर्क रहने की सलाह दे रहे हैं.
बाजार की मौजूदा तेजी भले ही आकर्षक लग रही हो, लेकिन इसे पूरी तरह मजबूत बुल मानना अभी जल्दबाजी हो सकती है. आगे बाजार की दिशा काफी हद तक वैश्विक हालात और कच्चे तेल की कीमतों पर निर्भर करेगी.
वैल्यू बाइंग से बाजार में आई तेजी
बाजार में गिरावट को बहुत से निवेशक मौके के तौर पर देखते हैं. निवेशक उन सेक्टर्स में दिलचस्पी दिखाते है, जहां पहले तेज गिरावट आई थी. इसका असर पूरे बाजार पर देखने को मिला है.
सभी सेक्टोरल इंडेक्स हरे निशान में खुले, जबकि मिडकैप और स्मॉलकैप शेयरों ने बेंचमार्क से बेहतर प्रदर्शन करते हुए 3 प्रतिशत से ज्यादा की बढ़त दर्ज की है.