Who is Nayana Vaidya: एक समय था जब भारत की महिलाओं को पढ़ने-लिखने का कोई अधिकार नहीं था. तो वहीं, आज का समय है जहां लड़कियों को न सिर्फ पढ़ाया जा रहा बल्कि पढ़-लिखकर वह खुद का बिज़नेस भी शुरू कर रही हैं. कुछ ऐसी ही कहानी है नयना वैद्य की. जिन्होंने अपनी 5 हजार रुपये की नौकरी छोड़कर 48 करोड़ का बिजनेस खड़ा कर हर किसी को पूरी तरह से हैरान कर दिया है. आज वह हर महिला के लिए एक प्रेरणादायक बन चुकी हैं.
आखिर कौन हैं नयना वैद्य?
यह प्रेरणादायक कहानी नयना वैद्य की है, जिन्होंने कभी केवल 5 हजार रुपये की मामूली सैलरी से अपने करियर की शुरुआत की थी और आज वह 48 करोड़ के बिजनेस की मालकिन हैं. ‘ओम साई सर्जिकल्स’ (Om Sai Surgicals) नाम की हेल्थकेयर डिस्ट्रीब्यूशन कंपनी चलाने वाली नयना वैद्य ने हाल ही में ‘करोड़ क्लब’ (Crore Club) पॉडकास्ट पर अपने जीवन के सफर के बारे में शेयर किया. जहां, उन्होंने बिजनेस में आए उतार चढ़ाव के बारे में भी जिक्र किया.
“खुशी काम करने में है, पैसे में नहीं”
पॉडकास्ट के दौरान नयना ने जानकारी देते हुए बताया कि इस साल मार्च के महीने में उनकी कंपनी का टर्नओवर लगभग 48 करोड़ रुपये का था. जिसको लेकर उन्होंने यह भी कहा कि इतनी बड़ी सफलता के बाद वह आज भी उनके पैर जमीन पर ही है. जिसको लेकर उन्होंने आगे बताया कि “मुझे इस बात को लेकर कोई बहुत बड़ा घमंड या गर्व महसूस नहीं होता, क्योंकि सफर अभी भी जारी है, “खुशी काम करने में है, पैसे में नहीं”.
5,000 से 48 करोड़ तक का शानदार सफर
साल 1997 में नयना वैद्य एक फार्मास्युटिकल (दवा) कंपनी में सेल्स रिप्रेजेंटेटिव के रूप में काम किया करतीं थी. जिसपर उन्होंने पुरानी यादों को ताजा करते हुए बताया कि “1997 में उस फार्मा कंपनी में मेरी मासिक सैलरी करीब 5 हजार रुपये थी. उन्होंने आगे कहा कि “जॉनसन एंड जॉनसन ने मेरे पति को एक डीलरशिप का शानदार ऑफर दिया था. क्योंकि मैंने शादी से पहले फार्मेसी की पढ़ाई की थी, इसलिए मेरे पास इस बिजनेस के लिए जरूरी लाइसेंस और योग्यताएं मौजूद थीं. इसके साथ ही उन्होंने आगे कहा कि इस तरह हम दोनों ने मिलकर इस डीलरशिप को हासिल किया और अपने सपनों को उड़ान देने के बारे में योजना बनाना शुरू कर दिया.
यहां जानें उनकी नेटवर्थ और पहली कमाई
हांलाकि, जब पॉडकास्ट में नयना से उनकी कुल संपत्ति (Net Worth) के बारे में पूछा गया तो उन्होंने सीधा आंकड़ा बताने से पूरी तरह से इंकार कर दिया. जिसपर उन्होंने आगे बताया कि “मैंने जितना भी कमाया है, उससे मैं एक बहुत ही आरामदायक जीवन जी पा रही हूं और अपने बच्चों को अच्छी शिक्षा देने में सक्षम रही हूं”. इतना ही नहीं,
लेकिन, उन्होंने यह जरूर बताया कि साल 2010 के आसपास अपना पहला करोड़ रुपया कमाया था. इसके साथ ही उन्होंने अपने बिजनेस की शुरुआत साल 2000 में की थी, यानी कंपनी शुरू करने के पूरे एक दशक बाद वे इस मुकाम पर पहुंच गईं थीं.
इतना ही नहीं, आज के समय में नयना को अपनी संपत्तियों से किराए की आय भी मिलती है. इसके अलावा साल 2019 में उन्होंने एक घर खरीदने के लिए होम लोन लिया था, जिसकी कीमत आज बढ़कर 4 करोड़ रुपये हो चुकी है. उनकी यह कहानी दर्शाती है कि सही योग्यता, कड़ी मेहनत और निरंतर कोशिश से किसी भी बड़े लक्ष्य को आसानी हासिल किया जा सकता है.