राजधानी दिल्ली इन दिनों भीषण गर्मी और लू की चपेट में है. हालात को देखते हुए मौसम विभाग ने यलो अलर्ट जारी कर लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी है. लगातार बढ़ते तापमान ने आम जनजीवन को प्रभावित कर दिया है और स्वास्थ्य पर खतरा भी बढ़ा दिया है.
लू के बढ़ते असर ने बढ़ाई चिंता
पिछले कई दिनों से दिल्ली में हीट वेव का असर साफ देखा जा रहा है. तेज धूप और गर्म हवाओं के चलते बाहर निकलना मुश्किल हो गया है. विशेषज्ञों का कहना है कि इस दौरान बिना जरूरी काम के बाहर निकलने से बचना चाहिए, क्योंकि लंबे समय तक धूप में रहने से हीट स्ट्रोक का खतरा बढ़ जाता है.
हीट स्ट्रोक बन सकता है जानलेवा
डॉक्टरों के अनुसार हीट स्ट्रोक एक बेहद गंभीर स्थिति है, जिसमें समय पर इलाज न मिले तो जान जाने का खतरा काफी ज्यादा रहता है. आंकड़ों के मुताबिक ऐसे मामलों में मृत्यु दर 60 से 80 प्रतिशत तक पहुंच सकती है. इसी खतरे को देखते हुए अस्पतालों ने पहले से तैयारी शुरू कर दी है.
आरएमएल अस्पताल में विशेष वॉर्ड तैयार
दिल्ली के राम मनोहर लोहिया अस्पताल में इस साल भी हीट स्ट्रोक के मरीजों के लिए अलग वार्ड शुरू किया गया है. इस वार्ड की जिम्मेदारी डॉ. अजय चौहान को दी गई है. यहां प्राथमिक इलाज के लिए विशेष इंतजाम किए गए हैं ताकि मरीजों को तुरंत राहत मिल सके.
बर्फ और पानी से किया जाता है शुरुआती इलाज
वार्ड में हीट स्ट्रोक के मरीजों के लिए दो बेड रिजर्व रखे गए हैं. साथ ही बड़े टब में ठंडे पानी और बर्फ का इंतजाम किया गया है. मरीज के आते ही उसे ठंडे पानी में डालकर शरीर का तापमान कम किया जाता है. इसके बाद उसे बेड पर रखकर आगे का इलाज शुरू किया जाता है. स्थिति स्थिर होने पर मरीज को इमरजेंसी वार्ड में शिफ्ट किया जाता है. फिलहाल इस साल अभी तक कोई मरीज यहां नहीं पहुंचा है.
डॉक्टरों का कहना है कि हीट स्ट्रोक का सबसे ज्यादा असर मजदूरों और बाहर काम करने वाले लोगों पर पड़ता है. ऐसे लोगों को खास सावधानी बरतने की जरूरत है. सुबह 11 बजे से शाम 5 बजे तक बाहर निकलने से बचना चाहिए. अगर बाहर जाना जरूरी हो तो बीच-बीच में छांव में आराम करें और लगातार पानी पीते रहें.
बचाव ही सबसे कारगर उपाय
स्वास्थ्य विशेषज्ञ सलाह देते हैं कि शरीर को हाइड्रेट रखना बेहद जरूरी है. घर से बाहर निकलते समय पानी की बोतल साथ रखें. हल्के कपड़े पहनें और सिर को ढककर रखें. थोड़ी-थोड़ी देर में आराम करना भी जरूरी है ताकि शरीर का तापमान संतुलित बना रहे.
ये लक्षण दिखें तो हो जाएं अलर्ट
हीट स्ट्रोक के शुरुआती संकेतों में शरीर का अत्यधिक गर्म होना, उल्टी, दस्त और चक्कर आना शामिल हैं. ऐसे लक्षण दिखने पर मरीज को तुरंत ठंडा करने की कोशिश करनी चाहिए. गर्दन के नीचे पानी डालें और बिना देरी किए अस्पताल पहुंचाएं. समय पर इलाज मिलने से जान बचाई जा सकती है. डॉ. अजय चौहान के अनुसार साल 2024 में इस वार्ड में 75 मरीज भर्ती हुए थे, जिनमें से 27 की मौत हो गई थी. ये आंकड़े बताते हैं कि हीट स्ट्रोक को हल्के में लेना कितना खतरनाक साबित हो सकता है.
ये भी पढ़ें: अचार में इस वजह से लग जाती है फफूंदी, जानें इसे बचाने के तरीके
Check out below Health Tools-
Calculate Your Body Mass Index ( BMI )
Calculate The Age Through Age Calculator