अब संन्यास लेकर लीग्स में नहीं खेल पाएंगे भारतीय क्रिकेटर, BCCI का नया नियम उड़ा देगा होश

94cd754ca7a235455a7fc21f25bd57101780764996501975 original


भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड (BCCI) बहुत जल्द अपनी रिटायरमेंट पॉलिसी में बड़ा बदलाव कर सकती है. बीसीसीआई उन खिलाड़ियों पर लगाम कसने की तैयारी में है, जो संन्यास के तुरंत बाद विदेशी लीगों में खेलने लगते हैं. मौजूदा नियमों के मुताबिक किसी भी एक्टिव भारतीय क्रिकेटर को विदेशी लीगों में खेलने की अनुमति नहीं है, लेकिन रिटायर होने के बाद वह खेल सकता है.

क्या है नई प्रस्तावित रिटायरमेंट पॉलिसी?

BCCI उन खिलाड़ियों की वजह से इस पॉलिसी को लाने पर विचार कर रही है, जो रिटायरमेंट इसलिए ले रहे हैं जिससे विदेशी लीगों में खेल पाएं. खासतौर पर विजय शंकर की वजह से इस मामले ने ज्यादा तूल पकड़ा है. शंकर, जिन्होंने रिटायरमेंट के बाद एक सप्ताह के भीतर श्रीलंका प्रीमियर लीग में कैंडी रॉयल्स टीम को जॉइन कर लिया.

नई प्रस्तावित रिटायरमेंट पॉलिसी कहती है कि रिटायरमेंट के बाद खिलाड़ी पर कूलिंग-ऑफ पीरियड लागू हो जाएगा. इसका मतलब यदि कोई खिलाड़ी संन्यास के बाद विदेशी लीग में खेलता है, तो वह पांच साल तक भारत में किसी भी स्तर का क्रिकेट नहीं खेल पाएगा.

साफ शब्दों में समझ लीजिए कि अगर किसी भारतीय खिलाड़ी ने आज संन्यास लिया है, तो वह अगले 5 साल तक किसी भी विदेशी लीग में भाग नहीं ले पाएगा. अगर वह ऐसा करता है, तो वह अगले 5 साल तक भारत में क्रिकेट किसी भी स्तर का क्रिकेट नहीं खेल सकता.

युवराज-इरफान भी खेलते हैं

विजय शंकर एकमात्र ऐसे खिलाड़ी नहीं हैं, जिन्होंने संन्यास के बाद अन्य लीगों में क्रिकेट खेला है. वर्ल्ड चैंपियनशिप ऑफ लीजेंड्स और लीजेंड्स लीग क्रिकेट में युवराज सिंह, इरफान पठान और हरभजन सिंह समेत कई दिग्गज क्रिकेटर खेलते रहे हैं. उनपर शायद इस रिटायरमेंट पॉलिसी का कोई असर ना पड़े, क्योंकि वे अन्य किसी भी लेवल का क्रिकेट नहीं खेलते हैं.

यह भी पढ़ें:

कप्तानी छिनने के बाद पहली बार बोले सूर्यकुमार यादव, वैभव सूर्यवंशी के लिए भेजा खास मैसेज



Source link

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *