दूसरे वनडे मैच में भारत ने अफगानिस्तान को 170 रनों के विशाल अंतर से हरा दिया. टीम इंडिया ने पहले बल्लेबाजी करते हुए 402 रन बनाए थे, जिसके जवाब में अफगानिस्तान की पूरी टीम 232 रनों पर सिमट गई. भारत की इस जीत में कप्तान शुभमन गिल की 154 रन की ऐतिहासिक पारी का बड़ा योगदान रहा. मगर अफगान टीम पर 170 रन की जीत के बाद भी कप्तान गिल का एक सपना अधूरा रह गया.
भारतीय टीम पहले बैटिंग करने आई, लेकिन यशस्वी जायसवाल जल्दी आउट हो गए थे. रोहित शर्मा ने 48 रन बनाए, वहीं शुभमन गिल और ईशान किशन ने शतक लगाया. गिल ने 110 गेंदों में 22 चौके और 2 छक्कों से सुसज्जित पारी में 154 रन बनाए.
गिल का सपना रह गया अधूरा
दरअसल शुभमन गिल जिस अंदाज में बल्लेबाजी कर रहे थे, उनके पास मौका था कि वे रोहित शर्मा के बाद दुनिया के ऐसे दूसरे बल्लेबाज बन जाएं जिन्होंने वनडे में 2 बार दोहरा शतक लगाया हो. लेकिन दूसरे वनडे में गिल 154 के स्कोर पर आउट हो गए.
मैच के बाद शुभमन गिल ने कहा, “हां, मैं दोहरा शतक लगाने के बारे में सोच रहा था, लेकिन साथ ही यह भी दिमाग में चल रहा था कि मुझे निरंतर शॉट्स लगाने होंगे, जिससे टीम 430, 440 या 450 रन तक पहुंच पाए.”
कप्तान गिल इस सीरीज में डेब्यू करने वाले गुरनूर बराड़, हर्ष दुबे और प्रिंस यादव से काफी प्रभावित हुए. उन्होंने कहा कि वे सभी आत्मविश्वास से भरे हैं. गुरनूर बराड़ ने सबसे ज्यादा प्रभावित किया, जिन्होंने 2 मैचों में 6 विकेट चटकाए. हर्ष दुबे ने एक मैच खेलकर 3 विकेट चटकाए हैं, जबकि दूसरे वनडे में डेब्यू करने वाले प्रिंस यादव महंगे जरूर साबित हुए, लेकिन 2 विकेट लेने में कामयाब रहे.
16 महीनों बाद आया कोई शतक
शुभमन गिल को वनडे मैचों में शतकीय पारी खेलने के लिए 16 महीनों लंबा इंतजार करना पड़ा. गिल की आखिरी शतकीय पारी फरवरी 2025 में चैंपियंस ट्रॉफी में बांग्लादेश के खिलाफ आई थी. उसके बाद गिल 11 वनडे पारियों में तीन बार अर्धशतक लगा चुके थे, लेकिन शतक का इंतजार लंबा ही खिंचता जा रहा था.
यह भी पढ़ें: