CBSE Re-evaluation 2026: CBSE ने फिर की गड़बड़ी! वेदांत ने जिसके लिए आवेदन नहीं किया उस सब्जेक्ट में बढ़ाए 2 नंबर, पहले बदल दी थी कॉपियां

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CBSE Re-evaluation 2026: सीबीएसई कक्षा 12वीं की री-इवैल्यूएशन प्रक्रिया को लेकर एक बार फिर सवाल खड़े हो गए हैं. छात्र वेदांत ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर दावा किया है कि री-इवैल्यूएशन का रिजल्ट आने के बाद उनके सिर्फ 2 नंबर बढ़ाए गए हैं और हैरानी की बात यह है कि ये नंबर उन विषयों में बढ़े हैं, जिनके लिए उन्होंने री-इवैल्यूएशन का आवेदन ही नहीं किया था.

इससे पहले भी वेदांत ने आरोप लगाया था कि उन्हें री-इवैल्यूएशन के दौरान किसी दूसरे छात्र की फिजिक्स की आंसर शीट दिखाई गई थी. बाद में ऑब्जेक्शन दर्ज कराने पर उन्हें सही आंसर शीट उपलब्ध कराई गई. हालांकि, अब नए रिजल्ट के बाद भी उन्होंने मूल्यांकन प्रक्रिया पर सवाल उठाए हैं. इस पूरे मामले पर CBSE की ओर से कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है. दावा छात्र की तरफ से किया गया है, सीबीएसई ने फिलहाल इस पर कुछ नहीं कहा है.

वीडियो जारी कर छात्र ने क्या कहा?

री-इवैल्यूएशन का रिजल्ट आने के बाद वेदांत ने सोशल मीडिया पर एक वीडियो शेयर किया. वीडियो में उन्होंने कहा कि उन्होंने 11 प्रश्नों के लिए री-इवैल्यूएशन का आवेदन किया था, लेकिन रिजल्ट आने के बाद उनके कुल 2 नंबर ही बढ़े. उन्होंने यह भी दावा किया कि जिस आंसर शीट के गलत होने की बात उन्होंने पहले उठाई थी, उसमें उनके एक भी नंबर नहीं बढ़े. उनके अनुसार, बढ़े हुए दोनों नंबर मैथ्स और कंप्यूटर साइंस में मिले हैं, जबकि जिन प्रश्नों के लिए उन्होंने आवेदन किया था, उनसे इसका संबंध नहीं था.

री-इवैल्यूएशन के बाद क्या हुआ?

वेदांत के मुताबिक, उन्होंने 11 सवालों के दोबारा मूल्यांकन की मांग की थी. लेकिन अंतिम परिणाम में सिर्फ 2 नंबर बढ़ाए गए. उनका दावा है कि ये नंबर उन विषयों में मिले, जिनके लिए उन्होंने री-इवैल्यूएशन का आवेदन नहीं किया था. इसी वजह से उन्होंने पूरी प्रक्रिया पर सवाल उठाए हैं.

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पहले बदली हुई आंसर शीट का लगाया था आरोप

वेदांत का कहना है कि 13 मई को जब बोर्ड परीक्षा का रिजल्ट जारी हुआ था, तब उन्हें फिजिक्स विषय की गलत आंसर शीट दिखाई गई थी. उनके अनुसार वह किसी दूसरे छात्र की कॉपी थी. बाद में उन्होंने इस मामले में ऑब्जेक्शन दर्ज कराया, जिसके बाद बोर्ड की ओर से उन्हें सही आंसर शीट उपलब्ध कराई गई. इसके बाद उनके नंबरों में कुछ बदलाव भी हुआ, लेकिन अब उनका कहना है कि मूल्यांकन से जुड़े कुछ सवाल अभी भी बने हुए हैं. 

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