
अमरनाथ यात्रा के पारंपरिक मार्ग की शुरुआत पहलगाम से होती है. लिद्दर नदी के किनारे बसा यह खूबसूरत हिल स्टेशन अपनी ठंडी हवाओं, देवदार के जंगलों और बर्फ से ढके पहाड़ों के लिए जाना जाता है. यात्रा शुरू करने से पहले यहां कुछ समय बिताना खास एक्सपीरियंस देता है.

शेषनाग अमरनाथ यात्रा का एक प्रमुख पड़ाव है.यहां मौजूद नीली झील, ऊंचे पहाड़ और शांत वातावरण यात्रियों को प्रकृति के बेहद खूबसूरत नजारे देखने का मौका देते हैं.

अमरनाथ गुफा से पहले पड़ने वाला पंचतरणी अपनी प्राकृतिक सुंदरता के लिए प्रसिद्ध है. मान्यता है कि यहां पांच पवित्र जल धाराएं बहती हैं. चारों ओर फैले पहाड़ और खुले मैदान इस जगह को और भी आकर्षक बनाते हैं.

बालटाल अमरनाथ यात्रा का प्रमुख बेस कैंप है, जो श्रद्धालु छोटे रास्ते से यात्रा करना चाहते हैं, उनके लिए यह सबसे पसंदीदा मार्ग माना जाता है. यहां से दिखाई देने वाली हरी घाटियां, ऊंचे पहाड़ और सिंध नदी का नजारा बेहद खूबसूरत लगता है.

अमरनाथ पवित्र गुफा यात्रा का सबसे अहम पड़ाव है, जहां प्राकृतिक रूप से बनने वाले बाबा बर्फानी के हिम शिवलिंग के दर्शन होते हैं. हर साल लाखों श्रद्धालु इसी पवित्र गुफा में भगवान शिव के दर्शन के लिए पहुंचते हैं.

पूरी अमरनाथ यात्रा के दौरान बर्फ से ढके पहाड़, बहती नदियां, झरने, हरे-भरे मैदान और खूबसूरत घाटियां सफर को यादगार बना देती हैं. यही प्राकृतिक सुंदरता इस यात्रा को धार्मिक होने के साथ-साथ एक शानदार ट्रैवल एक्सपीरियंस भी बनाती है. अगर आप अमरनाथ यात्रा 2026 पर जाने की योजना बना रहे हैं, तो सबसे पहले अपना एडवांस रजिस्ट्रेशन जरूर करवा लें. यात्रा 3 जुलाई से 28 अगस्त तक चलेगी और इस दौरान बड़ी संख्या में श्रद्धालु बाबा बर्फानी के दर्शन के लिए पहुंचेंगे. यात्रा के दौरान प्रशासन द्वारा जारी सभी दिशा-निर्देशों का पालन करें और रास्ते में पड़ने वाली इन खूबसूरत जगहों का मजा लेकर अपने सफर को और भी खास बना सकते हैं.
Published at : 03 Jul 2026 02:27 PM (IST)