खाने के तेल पर बड़ी खबर, सोया और पाम ऑयल ने तोड़ा ये रिकॉर्ड

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त्यौहारों की सीजन शुरू हो गया है, ऐसे में खाने- पीने चीजों की मांग भी तेजी से बढ़ गई है. भारत ने अगस्त 2026 में रिकॉर्ड तोड़ सोयाबीन का तेल आयात किया है. इसके साथ ही पाम ऑइल का आयात भी पिछले छह महीनों के सबसे हाई लेवल पर पहुंच गया. कारोबारियों के मुताबिक, भारतीय रिफाइनरियों ने आने वाले त्योहारी सीजन की बढ़ती मांग को देखते हुए पहले से ही खाद्य तेल का स्टॉक बढ़ाना शुरू कर दिया है.

अगस्त में कितना तेल हुआ इम्पोर्ट?
इकोनॉमिक टाइम्स के मुताबिक कारोबारियों के औसत अनुमान के अनुसार, अगस्त में भारत का पाम ऑइल आयात 7 प्रतिशत से बढ़कर 7.80 लाख टन हो गया. ये पिछले महीने के मुकाबले काफी ज्यादा है और छह महीने का सबसे ऊंचा स्तर है. वहीं सोयाबीन तेल का आयात 21 प्रतिशत से बढ़कर रिकॉर्ड 6.01 लाख टन पर पहुंच गया. दूसरी ओर सूरजमुखी तेल का आयात 38 प्रतिशत घटकर करीब 1.57 लाख टन रह गया, जो छह महीने का सबसे निचला स्तर है.

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सोयाबीन तेल पहली पसंद
मुंबई के सनविन ग्रुप के प्रमुख संदीप बजोरिया के अनुसार, सोयाबीन तेल की कीमत पाम तेल की तुलना में ज्यादा कॉम्पिटीटिव थी. इसलिए भारतीय खरीदारों ने सोयाबीन तेल पर ज्यादा जोर दिया. वहीं, रूस-यूक्रेन युद्ध बढ़ने से ब्लैक सी क्षेत्र से सूरजमुखी तेल की सप्लाई प्रभावित हुई. इसका असर भारत के सूरजमुखी तेल आयात पर भी पड़ा. भारत मुख्य रूप से इंडोनेशिया और मलेशिया से पाम तेल आयात करता है. वहीं सोयाबीन और सूरजमुखी तेल की सप्लाई मुख्य रूप से अर्जेंटीना, ब्राजील, रूस और यूक्रेन से होती है.

त्यौहारी सीजन के लिए बढ़ाया स्टॉक
गुजरात के राजकोट स्थित कारोबारी राजेश पटेल के मुताबिक, रिफाइनरों ने त्योहारी मांग को पूरा करने के लिए खरीद बढ़ाई है. इसके अलावा, तुरंत डिलीवरी मिलने वाला तेल आने वाले महीनों की डिलीवरी के मुकाबले सस्ता था. इसलिए रिफाइनरों ने अभी ज्यादा तेल खरीदना बेहतर समझा. भारत में अगस्त से नवंबर के बीच कई बड़े त्योहार आते हैं। इस दौरान घरों और कारोबारों में खाद्य तेल की मांग आमतौर पर बढ़ जाती है.

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