बप्पा के दरबार में अडानी परिवार, प्रणव और करण ने किए ‘चिंचपोकली च्या चिंतामणी’ के दर्शन

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आज यानी 14 सितंबर से गणेश चतुर्थी के पर्व की शुरुआत हुई है. आज हर घर और गली मोहल्ले में बप्पा विराजमान हुए हैं और अगले 10 दिनों तक हमारे बीच रहेंगे. ये पर्व पूरे देश में बड़ी ही धूमधाम से मनाया जाता है. खासतौर से मुंबई में तो इसकी धूम देखते ही बनती है. बड़े- बड़े सेलेब्स और बिजनेस मैन भी बप्पा के दर्शन करने पहुंचते हैं. इसी कड़ी में देश के बड़े बिजनेसमैन की लिस्ट में शुमार अडानी परिवार बी बप्पा के दर्शन करने पहुंचा.

अडानी परिवार ने किए बप्पा के दर्शन
हाल ही में अडानी एंटरप्राइजेस के डायरेक्टर प्रणव अडानी और अडानी पोर्ट्स एंड स्पेशव इकोनॉमिक जोन  के मैनेजिंग डायरेक्टर करण अडानी अपने परिवार के साथ बप्पा के दर्शन करने पहुंचे. करण और प्रणव ने मशहू और आयकॉनिक ‘चिंचपोकली च्या चितामणी’ के दर्शन किए. इस दौरान उनके साथ उनका पूरा परिवार भी नजर आया.

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इस दौरान अडानी एंटरप्राइजेस के मैनेजिंग डायरेक्टर (एग्रो, ऑयल एंड गैस) और डायरेक्टर प्रणव अडानी ने कहा कि, ‘चिंचपोकली सार्वजनिक उत्सव मंडल के साथ साझेदारी करना हमारे लिए सचमुच सम्मान की बात है. अपने 107वें साल में, चिंचपोकली च्या चिंतामणि की शानदार विरासत भक्ति, एकता और मुंबई की सांस्कृतिक धड़कन की पहचान बन गई है.’

परिवार के साथ किए दर्शन
इस दौरान परिवार के सभी सदस्यों ने चिंचपोकली च्या चिंतामणी के दर्शन करते हुए फोटोज भी खिंचवाई. बप्पा के साथ प्रणव अडानी की पत्नी और बेटी और वहीं कण अडानी भी अपनी पत्नी के साथ नजर आए. पूरे परिवार का सादा अंदाज भी लोगों के दिल को भा गया.

बप्पा के दरबार में अडानी परिवार, प्रणव और करण ने किए 'चिंचपोकली च्या चिंतामणी' के दर्शन

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दूसरे सबसे पुराने गणपति हैं ‘चिंचपोकली च्या चिंतामणि’
बता दें कि चिंचपोकली च्या चिंतामणी मुंबई के दूसरे सबसे पुराने गणपति हैं. इस साल उनका 107वां साल है. इस पंडाल की शुरुआत शहर के पुराने टेक्सटाइल हब परेल, गिरगांव और लालबाग से हुई थी. ये मंडल आजादी की लड़ाई लड़ने वाले लोकमान्य बाल गंगाधर तिलक की विरासत को आगे बढ़ा रहा है, जिन्होंने 1890 के दशक में गणेश चतुर्थी को घर-परिवार के एक छोटे से रीति-रिवाज से बदलकर एक सार्वजनिक त्योहार का रूप दिया था.



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