अनिल कपूर ने सुनाया वेडिंग क्रैश का किस्सा, बिन बुलाए शादी में खाने के लिए नहीं इसलिए जाते थे

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दिग्गज बॉलीवुड एक्टर अनिल कपूर जल्द ही क्विज शो ‘इंडियाज टॉप 1%’ के होस्ट के रुप में नजर आने वाले हैं. शो के दौरान एक्टर ने अपने बचपन के एक मजेदार किस्से का जिक्र किया. ये किस्सा आज भी उनके चेहरे पर मुस्कान ला देता है.

उन्होंने बताया कि कैसे वो और उनके बचपन में दोस्त वेडिंग क्रैश करते थे. वेडिंग क्रैश करने का मतलब होता है कि बिना बुलाए किसी की शादी में पहुंच जाना, जहां आप दूल्हा या दूल्हन या उनके रिश्तेदोर में से भी किसी को नहीं जानते और सिर्फ फ्री में खाना खाने या मस्ती करने के लिए किसी की शादी में घुस जाते हैं. उस समय में अनिल कपूर के लिए इस तरह किसी शादी में घुस जाना उनके लिए किसी एडवेंचर से कम नहीं था.

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कैसे वेडिंग क्रैश करते थे अनिल कपूर

अनिल कपूर ने मुंबई के चेंबूर के तिलक नगर का एक किस्सा शेयर करते हुए बताया कि उन्हें और उनके दोस्तों को आसपास होने वाली शादियां काफी आकर्षित करती थी क्योंकि ऐसी शादियों में उन्हें खूब मौज-मस्ती करने को मिलती है.

अनिल कपूर ने बताया, ‘जब मुझे और मेरे दोस्तों को किसी शादी का पता चलता, तो हम बिना इंविटेशन की परवाह किए वहां पहुंच जाते थे. पूरे आत्मविश्वास के साथ शादी में एंटर करते और फिर लोगों को नमस्ते करते हुए ऐसे घूमते थे, जैसे शादी में बुलाए गए मेहमान हों.

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खाने के लिए नहीं, इस वजह से जाते थे शादी में

अनिल कपूर के इस किस्से में एक और मजेदार बात है. उन्हें इन शादियों में सबसे ज्यादा इंतजार खाने का नहीं, बल्कि ‘गोल्ड स्पॉट’ और ‘मंगोला’ का रहता था.

उन्होंने कहा, ‘दोस्तों के साथ शादी में पहुंचकर हम सीधे ड्रिंक्स वाले काउंटर का रुख करते थे. उस दौर में इन सॉफ्ट ड्रिंक्स को लेकर हमारी दीवानगी कुछ ऐसी थी कि कई बोतलें पी जाना भी हमें ये बड़ी बात नहीं लगती थी.’

बेगानी शादी’ वाली कहावत में अपना नाम जोड़ दिया

अपने इस कारनामे को याद करते हुए अनिल कपूर ने मशहूर कहावत ‘बेगानी शादी में अब्दुल्ला दीवाना’ को भी अपने अंदाज में बदल दिया. उन्होंने कहा कि बचपन के उस दौर को देखें तो इसमें अब्दुल्ला की जगह उनका नाम होना चाहिए.



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