केएल राहुल 80-90 रन के फेर में फंसकर एक बार फिर शतक से चूक गए. श्रीलंका के खिलाफ गॉल में खेले जा रहे पहले टेस्ट में राहुल ने 10 चौके और 1 छक्के की मदद से 82 रनों की पारी खेली. उन्हें केशरा नुवन्था ने अपना शिकार बनाया. आपने देखा होगा कि बल्लेबाज ‘नर्वस नाइंटीज’ का शिकार होते है, यानी 90 रन बनाने के बाद बल्लेबाज अक्सर आउट हो जाते हैं, लेकिन राहुल के साथ किस्सा थोड़ा अलग है- वह नर्वस एट्टीज का शिकार होते हैं, यानी 80 रन के बाद उनके आउट होने का खतरा बढ़ जाता है.
राहुल 7वीं बार 80-90 के फेर में आउट हुए. वह सबसे पहली बार 2017 में इस आंकड़े के बीच आउट हुए थे. तो आइए जानते हैं कि 7 बार कब-कब राहुल इस तरह आउट होकर पवेलियन लौटे.
टेस्ट में केएल राहुल का 80 या 90 के बीच आउट होना
- 90 बनाम ऑस्ट्रेलिया (बेंगलुरु, 2017)
- 85 बनाम श्रीलंका (पल्लेकेले, 2017)
- 84 बनाम इंग्लैंड (नॉटिंघम, 2021)
- 86 बनाम इंग्लैंड (हैदराबाद, 2024)
- 84 बनाम ऑस्ट्रेलिया (ब्रिस्बेन, 2024)
- 90 बनाम इंग्लैंड (मैनचेस्टर, 2025)
- 82 बनाम श्रीलंका (गॉल, 2026)*
पहले दिन मांसपेशियों में खिंचाव से दिखे परेशान
मुकाबले के पहले दिन यानी 15 अगस्त को राहुल मांसपेशियों में खिंचाव से परेशान नजर आए. वह 77 रन बनाकर रिटायर हर्ट हुए. फिर दूसरे दिन वह दोबारा बैटिंग के लिए मैदान पर उतरे. दूसरी बार बैटिंग के लिए उतरे राहुल सिर्फ 05 रन ही बना सके. इस तरह वह एक और टेस्ट शतक से चूक गए. उन्होंने देवदत्त पडिक्कल के साथ मिलकर दूसरे विकेट के लिए 162 (273 गेंद) रनों की साझेदारी की.
केएल राहुल का टेस्ट करियर
नजर डालें राहुल के टेस्ट करियर पर, तो अब तक उन्होंने 69 मुकाबले खेल लिए हैं. इन मैचों की 120 पारियों में बैटिंग करते हुए उन्होंने 36.83 की औसत से 4235 रन बना लिए हैं. इस दौरान उनके बल्ले से 12 शतक और 21 अर्धशतक निकल चुके हैं. राहुल ने दिसंबर 2014 में ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ खेलते हुए टेस्ट डेब्यू किया था.
यह भी पढ़ें: विनोद कांबली की लाइफ पर वेब सीरीज, कौन निभाएगा क्रिकेटर का किरदार?