
रैंकिंग में IISc को कुल 57.0 स्कोर मिला है. संस्थान का सबसे मजबूत प्रदर्शन रिसर्च एनवायरनमेंट के क्षेत्र में रहा, जहां उसे 98.0 अंक मिले है. वहीं टीचिंग में 62.1 और रिसर्च क्वालिटी में 58.6 का स्कोर रहा. इस रैंकिंग में यूनिवर्सिटीज का मूल्यांकन टीचिंग, रिसर्च एनवायरमेंट, रिसर्च क्वालिटी, इंटरनेशनल आउटलुक और इंडस्ट्री जैसे अलग-अलग क्षेत्र के आधार पर किया जाता है.

IISc के बाद सविता इंस्टीट्यूट ऑफ मेडिकल एंड टेक्निकल साइंसेज भारतीय संस्थानों में दूसरे स्थान पर रहा. इसे वैश्विक स्तर पर 326-350 से बैंड में जगह मिली. इसके बाद शूलिनी यूनिवर्सिटी ऑफ बायोटेक्नोलॉजी एंड मैनेजमेंट साइंसेज 451-500 के बैंड में रहा.

वहीं जामिया मिलिया इस्लामिया और KIIT यूनिवर्सिटी दोनों को 501-550 के बैंड में जगह मिली. पिछले साल के मुकाबले कुछ संस्थानों की रैंकिंग में बदलाव भी देखने को मिला है. सविता 351-400 से बढ़कर 326-350 बैंड में पहुंची है, जबकि KIIT 601-800 से 501-550 बैंड में आया. दूसरी ओर जामिया पिछले साल के 401-500 बैंड से इस बार 501-550 बैड में गया.

द वर्ल्ड यूनिवर्सिटी रैंकिंग 2027 में इस बार बड़ा बदलाव एशिया के प्रदर्शन को लेकर सामने आया है. रिपोर्ट के अनुसार पहली बार एशिया में रैंक की गई यूनिवर्सिटी की संख्या यूरोप से ज्यादा हो गई है. इस बार एशिया की 1003 यूनिवर्सिटी को रैंकिंग में जगह मिली, जबकि पिछले साल यह संख्या 929 थी.

वहीं एशिया की 40 यूनिवर्सिटीज ग्लोबल टॉप 200 में शामिल है, जो पिछले साल से 5 ज्यादा है. चीन की शिंघुआ यूनिवर्सिटी 11वें स्थान पर पहुंच गई और एशिया की सबसे ऊंची रैंक वाली यूनिवर्सिटी बनीं. पेकिंग यूनिवर्सिटी 13वें स्थान और नेशनल यूनिवर्सिटी ऑफ सिंगापुर टॉप 15 में शामिल है. इसके अलावा जापान की यूनिवर्सिटी ऑफ टोक्यो 27वें स्थान पर हांगकांग की यूनिवर्सिटी ऑफ हांगकांग 33वें और साउथ कोरिया की सियोल नेशनल यूनिवर्सिटी 56वें स्थान पर है.

वैश्विक स्तर पर यूनिवर्सिटी ऑफ ऑक्सफोर्ड ने लगातार 11वीं बार पहला स्थान बरकरार रखा है. वहीं एमआईटी दूसरे स्थान पर है, जबकि प्रिंसटन यूनिवर्सिटी और स्टैनफोर्ड यूनिवर्सिटी संयुक्त रूप से तीसरे स्थान पर है. वही यूनिवर्सिटी ऑफ कैंब्रिज को पांचवा स्थान मिला है.
Published at : 30 Sep 2026 09:28 PM (IST)