Jio का 30,213 करोड़ रुपए का IPO 21 से 23 अक्टूबर 2026 के बीच आने वाला है. GEPL Capital, Ventura Securities और SMC Global जैसी ब्रोकरेज कंपनियों ने बताया है कि जियो के पास आगे बढ़ने के 4 बड़े मौके हैं, 2G यूजर्स को Jio में लाना, होम ब्रॉडबैंड, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) और विदेशों में टेक्नोलॉजी बेचना.
जून 2026 तक Jio के 53.33 करोड़ (533.3 मिलियन) यूजर्स हैं. अब कंपनी सिर्फ मोबाइल नेटवर्क से आगे बढ़कर अलग-अलग तरीकों से कमाई करना चाहती है.
ग्रोथ का पहला इंजन: 26.1 करोड़ 2G यूजर्स
GEPL Capital का अनुमान है कि 30 जून 2026 तक भी भारत में 26.1 करोड़ लोग 2G नेटवर्क पर हैं. ये Jio के लिए बड़ा मौका है. जीईपीएल ने कहा है, “30 जून 2026 तक 26.1 करोड़ यूजर्स अभी भी 2G पर हैं, इसलिए कंपनी 799 वाला JioBharat फोन और उसके साथ डिजिटल सर्विसेज देकर इन यूजर्स को अपने साथ जोड़ सकती है.”
जियो की प्रति यूजर औसत कमाई भी बढ़ी है. FY24 में ये 181.7 थी जो Q1FY27 में बढ़कर 215.6 हो गई है. कंपनी प्रीमियम प्लान, टैरिफ बढ़ोतरी और बंडल सर्विसेज से अपनी कमाई और बढ़ाना चाहती है.
ग्रोथ का दूसरा इंजन: होम ब्रॉडबैंड
जून 2026 में Jio के JioFiber और JioAirFiber के कुल 2.86 करोड़ ग्राहक थे, जिनमें से 1.4 करोड़ JioAirFiber के थे. जीईपीएल ने बताया है, “होम ब्रॉडबैंड भी ग्रोथ का बड़ा जरिया है. भारत में अभी फिक्स्ड ब्रॉडबैंड सिर्फ 21% लोगों तक है (FY26), जो FY31 तक 46% तक पहुँच सकता है. इसका फायदा JioFiber और JioAirFiber को मिलेगा.”
SMC Global ने कहा कि JioAirFiber उन जगहों पर भी इंटरनेट पहुँचा सकता है जहाँ फाइबर बिछाना मुश्किल या महंगा है.
ग्रोथ का तीसरा इंजन: AI और अपनी खुद की टेक्नोलॉजी
Jio अपनी खुद की बनाई हुई टेक्नोलॉजी और कंपनियों के लिए सर्विसेज से भी पैसा कमाना चाहती है. Ventura Securities ने बताया है, ” Jio ने अपना पूरा 5G स्टैंडअलोन नेटवर्क खुद बनाया है और 4G, 5G, 6G, AI और डिजिटल टेक्नोलॉजी में 7,220 पेटेंट के लिए आवेदन किया है. उसका अपना AI प्लेटफॉर्म JioBrain नेटवर्क में इस्तेमाल हो रहा है और कंपनी इसे बेचकर कमाई करने की योजना पर काम कर रही है.”
SMC Global का मानना है कि टेलीकॉम, क्लाउड और AI को एक साथ लाने से Jio को कनेक्टिविटी के अलावा भी कमाई के मौके मिलेंगे.
ग्रोथ का चौथा इंजन: विदेश में विस्तार
Jio अपनी टेलीकॉम और AI टेक्नोलॉजी अब दूसरे देशों की कंपनियों को भी देना चाहती है. जीईपीएल ने कहा कि इन पार्टनरशिप से Jio को भारत के बाहर भी कमाई होगी. SMC Global ने कहा कि इस तरह Jio को “भारत जैसा पूरा नेटवर्क बाहर बनाए बिना ही अपना बिजनेस विदेश में बढ़ाने” में मदद मिलेगी.

भारत में इंटरनेट की बढ़ती मांग से फायदा
ये सभी मौके भारत की बढ़ती डिजिटल इकोनॉमी से जुड़े हैं. लोगों का ज्यादा डेटा इस्तेमाल करना, 5G का फैलना और ब्रॉडबैंड का बढ़ना – इन सब से Jio को फायदा होगा. जीईपीएल के अनुसार, भारत में मोबाइल ब्रॉडबैंड की औसत कमाई (ARPU) FY26 में 199.5 से बढ़कर FY31 तक 326.4 हो सकती है.
आखिर में जीईपीएल ने कहा है, “कुल मिलाकर कंपनी की रणनीति है – ज्यादा से ज्यादा नए ग्राहक जोड़ना, प्रति ग्राहक कमाई बढ़ाना, डिजिटल सर्विसेज का इस्तेमाल बढ़ाना और कंपनियों व विदेशी बाजारों से कमाई करके लंबे समय तक ग्रोथ और मुनाफा बनाए रखना.”
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